#Quote
More Quotes
बहना मेरी हर सुबह की भोर हो तुम, हर सवालों का जवाब और मेरे मन में उठा शोर हो तुम
जो मैं जलते चिराग में पड़ा तेल हूँ, तो सच यह है कि बहना तुम उस चिराग में जलती बाती हो ।
आखों की नज़र से नहीं, हम दिल की नज़र से प्यार करते है.. आप दिखे या न दिखे फिर भी, हम आपका दीदार करते है.
भरोसा रखें, हम कहीं किसी का अच्छा कर रहे होते हैं, तब हमारे लिए भी कहीं कुछ अच्छा हो रहा होता है !
तू लड़ती है-झगड़ती है, सुन बहना मेरी रक्षा भी तू ही करती है ये पीड़ाएं मुझे छूं न पाए, क्यों इस चिंता से तू इतना डरती है
कोई किसी का नहीं होता दुनिया में, जब दिल भर जाता है तो लोग याद करना भी छोड़ देते
दुनिया में प्यार से ज़्यादा दर्द कुछ नहीं होता
हर किसी के सामने झुकना सही नहीं होता और जो नजरंदाज करे उसके पास रुकना सही नहीं होता !
हर रक्षा बंधन मैं अपने मन के भीतर तुम्हारी सुख, समृद्धि का संकल्प लेता हूँ । संकल्प
वक़्त के साए में छुपी है जिंदगी की राह, खुदा की ख़फ़ा आँखों में बस गया है इक दर्द का जहर!